[Verse 1] चार दोस्त एक ही रास्ता नौवीं से जुड़ा हर एक वास्ता जहाँ भी जाना साथ ही जाना चारों का था एक ही नाता
नौवीं क्लास की पहली बेंच हँसी-मज़ाक कोई ना टेंशन अनंत आगे साहिल साथ रोशन बोले "आज फिर लेट हैं यार"
[Chorus] चार यार एक किताब का हिस्सा हर पन्ने पर तुम सब लिखा जो भी था था आधा-अधूरा तुमसे मिलके बना पूरा चार दोस्त एक ही किस्सा टिफ़िन गलियाँ स्कूल का किस्सा कल जो होगा जो भी होगा रहना साथ बस इतना वादा
[Verse 2] लंच ब्रेक में कैंटीन की लाइन पाँच समोसे "भाई बिल तो तेरा" कॉपियों पर कार्टून पीछे मैथ की जगह नाम का फेरा
पीटी पीरियड ग्राउंड पे भागना हार जाए पर हँसते रहना ट्यूशन से लौटती हुई साइकिलें एक ही मोड़ पे रुक के कहना "कल मिलते हैं फिर यहीं पे ना?"
[Chorus]
[Bridge] बोर्ड के दिन डर भी आया फिर भी मज़ाक "टॉपर बन जाएँ?" फॉर्म भरे अलग-अलग कॉलेज के दिल ने चुपके से पूछा "अब कैसे रह पाएँगे?"
फिर भी हर चैट हर कॉल में वही पुरानी शरारतें चलतीं एक फोटो फ़ीड में ऊपर आती दिल कहता "ये तो अपनी क्लास चलती"
[Chorus]
Style de musique
Warm indie-pop with acoustic guitar and light percussion, male vocals. Verses stay intimate and nostalgic with close-mic vocal; chorus lifts with group gang vocals, tambourine, and subtle bass. Simple chord progression, airy pads in the back, final chorus adds claps and crowd-style ad-libs for a live, shared-memory feel.