[Verse] चलते चलते सड़कों पे यादें तेरी फिर जाएं हवाओं में घुलते दर्द दिल ये कैसे समझाए [Verse 2] राहें सारी वीरान हैं तेरे बिना ये सुनसान हैं सपनों में बसा है चेहरा छोड़ गई जो प्यार भरा [Chorus] बाइक पे अकेला सफर तेरे बिना जैसे बेअसर दिल में बसी है वो तस्वीर सपनों की राहें हमें फिर जोड़ [Bridge] उसके साथ जो लम्हें थे वो खुशी के लम्हें कहां गए अब तो बस एक तन्हाई है दिल की ज़मीं पे रहती है [Verse 3] खुद को समझाऊं कैसे तू ही जवाब मेरी हर बात का यादों का है बेसिक ये नक्शा दिल ढूंढे तुझको हर रास्ता [Chorus] बाइक पे अकेला सफर तेरे बिना जैसे बेअसर दिल में बसी है वो तस्वीर सपनों की राहें हमें फिर जोड़