كلمات
कोरस (Chorus):
भोलेनाथ, नीलकंठ प्रभु!
हर हर महादेव, जय जय शिव शंकर!
डमरू की धुन से जग थिरकता,
भक्तों की पुकार पर तू दौड़ता।
बम बम भोले, तेरी जय हो!
दुख हर लो, सुख की बरसात करो!
वर्स 1 (Verse 1):
हिमालय की चोटी पर तू विराजमान,
चंद्रमा तिलक, गंगा तेरी जटा में।
भस्म से सजा तन, त्रिशूल हाथ में,
नटर नचाते हो, रुद्र रूप धारण।
पार्वती की गोद में, गणेश का पिता,
भोले बाबा, तू तो है जग का नाता।
कोरस (Chorus):
भोलेनाथ, नीलकंठ प्रभु!
हर हर महादेव, जय जय शिव शंकर!
डमरू की धुन से जग थिरकता,
भक्तों की पुकार पर तू दौड़ता।
बम बम भोले, तेरी जय हो!
दुख हर लो, सुख की बरसात करो!
वर्स 2 (Verse 2):
कामांतक दहन से प्रेम सिखाया तूने,
अंधकार मिटाया, प्रकाश फैलाया।
सती के बलिदान से विश्व रचा नया,
तू आदि है, अनादि, सबका आधार।
भक्त बुलाएँ तो, तुरंत आ जाते हो,
भोले शंकर, तेरी कृपा अमर!
कोरस (Chorus - अंतिम):
भोलेनाथ, नीलकंठ प्रभु!
हर हर महादेव, जय जय शिव शंकर!
डमरू की धुन से जग थिरकता,
भक्तों की पुकार पर तू दौड़ता।
बम बम भोले, तेरी जय हो!
दुख हर लो, सुख की बरसात करो!
(हर हर महादेव...)
النمط من الموسيقى
EDM, Rock Opera, Indie Pop, Classical, Male Voice, 80-120 BPM